अग्निवीर यूज एंड थ्रो मजदूर : राहुल गांधी

अग्निपथ मुद्दे को लेकर आज विपक्ष और सरकार के बीच वार-पलटवार देखने को मिला। राहुल गांधी ने अग्निपथ मुद्दे पर सरकार की आलोचना की और कहा कि अग्निवीर सरकार के लिए 'इस्तेमाल करो और फेंक दो' श्रम है। राहुल गांधी ने कहा कि एक अग्निवीर ने बारूदी सुरंग विस्फोट में अपनी जान गंवा दी, लेकिन उसे 'शहीद' नहीं कहा जाता। अग्निवीर' इस्तेमाल करो और फेंक दो' वाला मजदूर है। 

इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने टोकते हुए अपना बयान दिया। राजनाथ ने कहा कि राहुल गांधी को गलत बयान देकर सदन को गुमराह करने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारी सीमाओं की रक्षा करते हुए या युद्ध के दौरान अपने प्राणों की आहुति देने वाले अग्निवीर के परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। इसके बाद भी राहुल गांधी ने आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ने देश के लिए कर्तव्य पर प्राण न्यौछावर करने वाले अग्निवीर को मुआवजा देने से इनकार कर दिया। 

इस पर गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि मृतक अग्निवीर को मुआवज़ा देने को लेकर राहुल गांधी झूठ बोल रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह उन तथ्यों को नहीं बता रहे हैं जो राजनाथ सिंह ने कहा है कि जान देने वाले लोगों के लिए मुआवजा है। उन्हें तथ्यों को जनता के सामने रखने की जरूरत है।' शाह ने साफ तौर पर कहा कि यह झूठ बोलने की जगह नहीं है। यदि वह तथ्यों के साथ किसी बयान को सही नहीं ठहरा पा रहे हैं तो उन्हें देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए।

इससे पहले लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सोमवार को आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) हिंसा और नफरत फैला रही है तथा पिछले 10 वर्षों से संविधान और भारत की अवधारणा पर सुनियोजित ढंग से हमला किया जा रहा है। उन्होंने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए यह दावा भी किया कि विपक्षी नेताओं को जेल में डाला जा रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘देश ने मिलकर संविधान की रक्षा की है। अच्छा लग रहा है कि भाजपा के लोग अब संविधान संविधान बोल रहे हैं।’’ राहुल गांधी ने कहा, ‘‘पिछले 10 वर्षों में संविधान और भारत की अवधारणा पर सुनियोजित ढंग से हमला किया गया है... संविधान और भाजपा के विचारों का विरोध करने वाले करोड़ों लोगों पर हमला किया गया है। कई लोगों पर निजी तौर पर हमला किया गया।

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